Hormuz: होर्मुज जलडमरूमध्य खुला या बंद? ईरान ने दी नई जानकारी, बढ़ने वाली है भारत की टेंशन! – strait of hormuz open or closed after us strikes iran impact on india


अमेरिका के हमलों के बाद ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य के ताजा हालात की जानकारी दी है। यह जलडमरूमध्य अमेरिका और इजरायल के हमलों के कारण लंबे समय तक बंद रहा है। अमेरिका-ईरान शांति समझौते के बाद होर्मुज को फिर से खोला गया है। ट्रैकिंग वेबसाइट के अनुसार, पिछले 24 घंटे में होर्मुज से होकर करीब 34 जहाज गुजरे हैं।

strait of hormuz
होर्मुज जलडमरूमध्य
तेहरान: ईरान ने धमकी दी है कि वह अमेरिकी हमलों के जवाब में होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से बंद कर सकता है। ईरान की सरकारी टीवी ने कहा है कि इस जलडमरूमध्य को अमेरिका के साथ हुए समझौते के तहत कड़ी निगरानी में खोला गया था। तब से होर्मुज के रास्ते जहाजों की आवाजाही बढ़ी है। हालांकि, मंगलवार को तीन जहाजों पर ईरान के हमलों के बाद हालात बिगड़ गए। बुधवार सुबह अमेरिका ने होर्मुज से सटे ईरान के कम से कम 80 सैन्य ठिकानों पर हमले किए हैं। इनमें रडार साइट, ईरानी नौसेना के ठिकाने, हथियार भंडार जैसे महत्वपूर्ण मिलिट्री इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं। अगर होर्मुज फिर से बंद होता है तो भारत की टेंशन बढ़ सकती है।

होर्मुज को बंद करेगा ईरान?

सरकारी प्रसारक प्रेस टीवी ने एक सूत्र के हवाले से बताया, ईरान केवल अपनी व्यवस्थाओं के तहत ही जलडमरूमध्य को फिर से खोलेगा, जैसा कि इस्लामाबाद समझौता ज्ञापन (एमओयू) में तय किया गया है। सूत्र ने आगे कहा कि अमेरिका के किसी भी हमले के जवाब में ईरान कम से कम दोगुने लक्ष्यों पर हमला करेगा। सूत्र ने बताया, “पिछले 48 घंटों के घटनाक्रम से पता चलता है कि ईरान होर्मुज नदी के प्रबंधन से पीछे नहीं हटेगा।”

ईरान बोला- करारा जवाब देंगे

इस बीच एक अनाम ईरानी अधिकारी ने कहा है कि किसी भी खतरे का करारा जवाब दिया जाएगा। उस ने कहा कि शासन अमेरिका और क्षेत्र में उसके सहयोगियों के बीच कोई भेद नहीं करता है। उसने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ईरान के खिलाफ दी गई धमकियों का सीधा जवाब देते हुए कहा कि ऐसी धमकियां देने से उन्हें कुछ भी हासिल नहीं होगा। अधिकारी ने आगे कहा कि वह (ट्रंप) निश्चित रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य और अंतिम समझौते पर बातचीत दोनों में हार जाएंगे। अब फैसला उनका है।”

ईरानी सेना के 8 जवानों की मौत

ईरान की सरकारी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, बुधवार तड़के दक्षिणी ईरान पर अमेरिकी हमलों में ईरानी सेना के आठ जवान मारे गए। इसमें आगे कहा गया है कि मारे गए सैनिक वायुसेना और नौसेना से संबंधित थे और बंदर अब्बास और बुशहर में हुए हमलों के कारण उनकी मृत्यु हुई। इस बीच नाटो शिखर सम्मेलन के बाद बुधवार को तुर्की के अंकारा में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान ट्रंप ने कहा कि वह “शायद आज रात ईरान पर हमला करेंगे”। ट्रंप ने कहा, “मैं थोड़ी चेतावनी दे रहा हूं। हम आज रात उन पर कड़ा प्रहार करने वाले हैं।”

होर्मुज के बंद होने से भारत को कितना नुकसान

  • भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए होर्मुज जलडमरूमध्य पर काफी ज्यादा निर्भर है।
  • यह भारत की ऊर्जा सुरक्षा, आर्थिक स्थिरता और रणनीतिक हितों के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग है।
  • भारत अपनी जरूरत का लगभग 40% से अधिक कच्चा तेल होर्मुज के रास्ते आयात करता है।
  • सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात (UAE), इराक, ईरान और कतर से आने वाला तेल और गैस का बड़ा हिस्सा होर्मुज से होकर ही गुजरता है।
  • होर्मुज जलडमरूमध्य के रास्ते में किसी भी रुकावट के आने से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तेल की कीमतें बढ़ सकती हैं।
  • इसका असर भारत में ईंधन की कीमतों, मुद्रास्फीति और राजकोषीय घाटा पर पड़ता है।
प्रियेश मिश्र

लेखक के बारे मेंप्रियेश मिश्रप्रियेश मिश्र नवभारत टाइम्‍स ऑनलाइन में प्रिंसिपल डिजिटल कंटेट प्रोड्यूसर (Principal Digital Content Producer) के पद पर कार्यरत हैं। वे नवभारत टाइम्स की दुनिया (World) सेक्शन से जुड़े हैं। डिजिटल पत्रकारिता में उनका 10 साल का अनुभव है, जिसमें उन्होंने रिपोर्टिंग और डेस्क पर विभिन्न भूमिकाओं में काम किया है। प्रियेश मिश्र ने पत्रकारिता के करियर की शुरुआत दैनिक भास्कर से की। इसके बाद उन्होंने दैनिक जागरण और अमर उजाला जैसे मीडिया संस्थानों में काम किया है। प्रियेश मिश्र ने मार्च 2020 में नवभारत टाइम्‍स ऑनलाइन जॉइन किया था।

प्रियेश मिश्र के पास वैश्विक घटनाक्रम, युद्ध, सैन्य संघर्ष, राजनयिक तनाव, कूटनीति जैसे विषयों पर न्यूज कवरेज का व्यापक अनुभव है। उन्‍होंने पिछले 5 वर्षों में आर्मेनिया-अजरबैजान के युद्ध, रूस-यूक्रेन युद्ध, अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव 2020-2024, इजरायल-हमास गाजा युद्ध, ईरान-इजरायल संघर्ष, भारत-पाकिस्‍तान संघर्ष ऑपरेशन सिंदूर, तालिबान-पाकिस्‍तान संघर्ष, चीन-ताइवान विवाद, वेनेजुएला संकट जैसे वैश्विक घटनाक्रम का कवरेज किया है।

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