दिल्ली अग्निकांड:एक माह में 80 से ज्यादा विदेशी नागरिक होटल फ्लोरिश में ठहरे, जानें क्यों इनका बना ठिकाना? – Delhi Fire Over 80 Foreign Nationals Stayed At Hotel Flourish Stay In A Month


दक्षिणी दिल्ली के मालवीय नगर स्थित होटल फ्लोरिश स्टे में हुए भीषण अग्निकांड ने राजधानी में मेडिकल टूरिज्म और विदेशी मरीजों के ठहराव से जुड़े एक ऐसे नेटवर्क की परतें खोल दी हैं, जिस पर अब तक किसी की नजर नहीं गई थी। जांच में सामने आया है कि यह होटल एक सामान्य गेस्ट हाउस नहीं था, बल्कि इलाज के लिए दिल्ली आने वाले विदेशी मरीजों और उनके तीमारदारों का प्रमुख ठिकाना था। पुलिस के अनुसार, पिछले एक महीने के दौरान करीब 80 विदेशी नागरिक इस होटल में ठहरे थे और हादसे के समय भी यहां बड़ी संख्या में विदेशी मेहमान मौजूद थे।




Delhi fire Over 80 foreign nationals stayed at Hotel Flourish Stay in a month

दिल्ली अग्निकांड
– फोटो : अमर उजाला


बुधवार सुबह हुए अग्निकांड में 21 लोगों की मौत हुई, जिनमें 12 विदेशी नागरिक शामिल हैं। मृतकों में नेपाल, बांग्लादेश, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, उज्बेकिस्तान, कांगो, नाइजीरिया, लाइबेरिया और मोजांबिक के नागरिक शामिल हैं। 21 अन्य विदेशी नागरिक विभिन्न अस्पतालों में भर्ती हैं। घायलों में केन्या और कैमरून के नागरिक भी हैं। होटल में ठहरने वाले अधिकांश विदेशी नागरिक मेडिकल वीजा पर भारत आए थे। इनमें कई मरीज थे, बड़ी संख्या उनके तीमारदार भी थे। 


Delhi fire Over 80 foreign nationals stayed at Hotel Flourish Stay in a month

दिल्ली अग्निकांड
– फोटो : अमर उजाला


एफआरआरओ की मदद से हुई विदेशियों की पहचान

हादसे के बाद पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती मृतकों और घायलों की पहचान की थी। आग में होटल के रजिस्टर, दस्तावेज और कंप्यूटर पूरी तरह जल गए थे। ऐसे में दिल्ली पुलिस ने फॉरेनर्स रीजनल रजिस्ट्रेशन ऑफिस (एफआरआरओ) की मदद ली।


Delhi fire Over 80 foreign nationals stayed at Hotel Flourish Stay in a month

दिल्ली अग्निकांड
– फोटो : अमर उजाला


आग के बीच इंसानियत की मिसाल, दो लाख के गद्दे सड़क पर बिछाए

मालवीय नगर स्थित फ्लरिश स्टे होटल में बुधवार को आग लगने के बाद जब चारों ओर धुआं और लपटें फैल गईं, तब सामने दुकान चलाने वाले एक गद्दा कारोबारी रियाजुद्दीन ने पल भर में फैसला लेते हुए करीब दो लाख रुपये के अपने गद्दे बिछा दिए, जिससे कई लोगों की जान बच सकी। उन्होंने कहा कि जान से बढ़कर कुछ नहीं होता। पैसा फिर आ जाएगा, लेकिन अगर किसी की जान चली जाती तो उसकी भरपाई नहीं हो सकती थी।


Delhi fire Over 80 foreign nationals stayed at Hotel Flourish Stay in a month

दिल्ली अग्निकांड
– फोटो : अमर उजाला/पीटीआई


होटल में आग लगने की सूचना मिलते ही रियाजुद्दीन मंसूरी अपने कर्मचारियों के साथ मौके पर पहुंचे और उन्होंने होटल के बाहर जमीन पर दर्जनों रजाइयां और गद्दे बिछाकर अस्थायी सुरक्षा कवच तैयार किया। इससे इमारत में फंसे लोगों को कूदकर सुरक्षित बाहर निकलने में मदद मिली।



Leave a Comment