
मैकेनिकल घड़ियों के अस्तित्व में आने से काफी पहले लोग समय मापने के लिए धूप घड़ी पर निर्भर थे. एक धूप घड़ी आकाश में सूर्य की स्थिति का इस्तेमाल सेंट्रल रॉड से छाया डालने के लिए करती है. इसे ग्नोमन कहा जाता है. जैसे-जैसे दिन बढ़ता है छाया डायल के पार चली जाती है, इससे लोगों को समय का अनुमान लगाने में मदद मिलती है.

पृथ्वी पश्चिम से पूर्व की तरफ घूमती है. इससे सूरज आसमान में पूर्व से पश्चिम की तरफ घूमता हुआ नजर आता है. उत्तरी हेमिस्फीयर में इस हलचल की वजह से दिन के दौरान धूप घड़ी की छाया बाएं से दाएं में जाती है. इस बाएं से दाएं गति को अब हम क्लॉकवाइज डायरेक्शन कहते हैं.
Published at : 05 Jun 2026 07:17 PM (IST)