यूपी पुलिस (Photo Credit: ETV Bharat)
लखनऊ: साल 1991 में जब देश ने उदारीकरण और निजीकरण की नई आर्थिक नीति अपनाई थी, तब दावा किया गया था कि फैक्ट्रियां और कॉर्पोरेट दफ्तर सरकारी नौकरियों पर निर्भरता खत्म कर देंगे, लेकिन इसके साढ़े तीन दशक बाद, उत्तर प्रदेश की सड़कों, रेलवे स्टेशनों और परीक्षा केंद्रों पर उमड़ा 28 लाख युवाओं का हुजूम एक अलग ही कहानी बयां कर रहा है. उत्तर प्रदेश पुलिस में महज 32 हजार कांस्टेबल पदों के लिए 28 लाख अभ्यर्थियों का परीक्षा देना सिर्फ बेरोजगारी का आंकड़ा नहीं है. यह इस बात का सबूत है कि उदारीकरण की चमक यूपी के गांवों और कस्बों के युवाओं को आज भी वो सुरक्षा नहीं दे पाई, जो खाकी की एक अदद सरकारी नौकरी देती है. आइए समझते हैं कि आखिर क्यों नए भारत का युवा आज भी इस ‘सरकारी भूख’ से तड़प रहा है. पेश है अविनाश कुमार के संपादन के साथ संवाददाता प्रशांत मिश्रा की खास रिपोर्ट.
परीक्षा में कुल 2192236 अभ्यर्थी शामिल: उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती बोर्ड ने पिछले दिनों कांस्टेबल व समकक्ष के 32679 पदों पर भर्ती के लिए परीक्षा का आयोजन किया था. 2886798 अभ्यर्थियों ने भर्ती के लिए आवेदन किया था. इसके बाद तीन दिनों तक एक दिन में दो पालियों में परीक्षा आयोजित की गई थी. परीक्षा में कुल 2192236 अभ्यर्थी शामिल हुए जो कुल आवेदकों का 75.94 प्रतिशत था. परीक्षा में महिलाओं की भागीदारी 32.01 प्रतिशत रही थी.
यूपी पुलिस भर्ती पर विद्वानों की राय (Video Credit: ETV Bharat)
बता दें कि भर्ती के लिए कुल 2886798 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था, जिसमें 1962561 पुरुष अभ्यर्थी (67.99%) और 924237 महिला अभ्यर्थी (32.01%) थी.
सरकारी नौकरी पाने का बेहतरीन मौका: राजधानी लखनऊ में कोचिंग संचालक विजय सिंह ने बताया, इस बात से भी इनकार नहीं किया जा सकता है कि उत्तर प्रदेश में बड़े पैमाने पर युवा बेरोजगार है. ऐसे में कांस्टेबल भर्ती के माध्यम से उनके पास सरकारी नौकरी पाने का बेहतरीन मौका है.

भर्ती परीक्षा के आंकड़े (2026) (Photo Credit: ETV Bharat)
इकोनॉमिक्स के अध्यापक कन्हैया पांडे ने बताया, कांस्टेबल भर्ती के लिए इतने बड़े पैमाने पर आवेदन को इस नजरिए से देखना चाहिए कि उत्तर प्रदेश सबसे बड़ी जनसंख्या वाला राज्य है. यहां बड़ी संख्या में युवा है ऐसे में पुलिस की जब भर्ती निकलेगी तो लोग आवेदन करेंगे ही.
सरकारी नौकरी के प्रति लोगों का आकर्षण बढ़ा: वहीं, दूसरी ओर यह भी एक पहलू है कि सरकारी नौकरी के प्रति लोगों का आकर्षण बढ़ा है, क्योंकि कोविड काल में तमाम लोगों की नौकरियां छूटीं जो प्राइवेट सेक्टर में काम कर रहे थे. उनकी सैलरी प्रभावित हुई, लेकिन सरकारी क्षेत्र में जो लोग नौकरी कर रहे थे.
उन्हें सैलरी मिलती रही और उनका जीवन यापन आर्थिक मुद्दे पर ठीक रहा, तो ऐसे में लोगों का सरकारी नौकरी पर विश्वास बड़ा है. वहीं, आजकल का दौर सोशल मीडिया का दौर है लोगों को एक्स्पोजर चाहिए. ऐसे में युवा पुलिस की नौकरी खासकर वर्दी के प्रति आकर्षित होते हैं.

Pet-Pst के आंकड़े (Photo Credit: ETV Bharat)
पुलिस की नौकरी काफी सुविधाजनक और बेहतर हुई: एक रीजन यह भी है कांस्टेबल भर्ती के लिए बड़ी संख्या में आवेदन आने का पिछले कुछ वर्षों में पुलिस की नौकरी काफी सुविधाजनक और बेहतर हुई है. कई बदलाव किए गए हैं. अब पुलिस को बेहतर सैलरी मिलने लगी है. तमाम भत्ते मिलते हैं, नौकरी आसान हुई है यह सब कारण भी है, जिसते चलते लोग पुलिस में नौकरी करना चाहते हैं.
प्रोफेसर हिलाल अहमद डिपार्टमेंट ऑफ इकोनॉमिक्स लखनऊ विश्वविद्यालय ने ईटीवी से बातचीत करते हुए बताया कि उत्तर प्रदेश में युवाओं की संख्या की अपेक्षा काफी कम मात्रा में नौकरियां हैं. लोग अपनी योग्यता और क्षमता से कंप्रोमाइज करते हुए क्लास 3 और क्लास 4 की नौकरी के लिए भी आवेदन करते हैं.

भर्ती परीक्षा के आंकड़े (2023) (Photo Credit: ETV Bharat)
बड़ी संख्या में युवाओं की संख्या बेरोजगार: यह पहली बार नहीं हुआ है. इससे पहले भी कई भार्तियों में बड़ी संख्या में लोगों ने आवेदन किए हैं. ऐसे में इस ओर भी विचार करना चाहिए की बड़ी संख्या में वैकेंसी निकाली जाए, जिससे कि लोगों को पर्याप्त मात्रा में नौकरी मिल सके. जब बड़ी संख्या में युवाओं की संख्या बेरोजगार है तो संभावित है कि जब भी भर्ती निकलेगी तो आवेदन करने वालों की संख्या भी अधिक होगी.
इससे पहले भी पुलिस में नौकरी पाने के लिए युवाओं ने बड़े पैमाने पर आवेदन किए है. उत्तर प्रदेश पुलिस की सिपाही नागरिक पुलिस सीधी भर्ती-2023 में 60244 पद के लिए आवेदन निकाला गया था, जिसके आंकड़े भी चौकीने वाले हैं.
(यह खबर आपको कैसी लगी कमेंट करके जरूर बताएं. खबर को सोशल मीडिया पर शेयर जरूर करें.)
यह भी पढ़ें: यूपी पुलिस में रील बनाने वालों पर एक्शन: सोशल मीडिया पॉलिसी उल्लंघन पर हर महीने मांगी रिपोर्ट, FIR और निलंबन की तैयारी
यह भी पढ़ें: यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा का रिजल्ट जारी; 12,333 अभ्यर्थियों ने मारी बाजी, 15 लाख अभ्यर्थियों ने कराया था पंजीकरण