झारखंड में नौकरियों की बोली लगाई जा रही, बड़े लोगों को बचा रही सीआईडी : चंपाई सोरेन, National Hindi News


Follow us on Google News
share

झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन ने सीआईडी और राज्य सरकार की कार्यप्रणाली पर कड़ा हमला किया है। उन्होंने बताया कि सत्ता के संरक्षण में सरकारी नौकरी की बोली लगाई जा रही है और छात्रों के सपनों को कुचला जा रहा है। सोरेन ने परीक्षा की पारदर्शिता पर प्रश्न उठाते हुए सीबीआई जांच की मांग की।

झारखंड में नौकरियों की बोली लगाई जा रही, बड़े लोगों को बचा रही सीआईडी : चंपाई सोरेन

सरायकेला। झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर राज्य सरकार और सीआईडी की कार्य प्रणाली पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में सत्ता के संरक्षण में ब्लैक लिस्टेड एजेंसियों के बल पर सरकारी नौकरियों की बोली लगाई जा रही है और युवा अभ्यर्थियों के सपनों एवं आकांक्षाओं को लगातार कुचला जा रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री ने सीआईडी के इतिहास पर सवाल उठाते हुए कहा कि किसी भी मामले में इस एजेंसी की एंट्री सिर्फ छोटी मछलियों को फंसाने और बड़े लोगों को बचाने के उद्देश्य से होती है। उन्होंने शराब घोटाले से लेकर जेएसएससी, सीजीएल परीक्षा मामले का उदाहरण देते हुए कहा कि सीआईडी ने इस पूरे प्रकरण में केवल लीपापोती करने का काम किया है।

चंपाई सोरेन ने परीक्षा की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल दागते हुए पूछा, क्या सीआईडी या सरकार यह बताएगी कि जब उस परीक्षा का सेकेंड टॉपर ही आज आरोपी है और उसके परिवार के कई सदस्यों को सरकारी नौकरी मिली है तो वह परीक्षा निष्पक्ष कैसे थी?उन्होंने सरकार को घेरते हुए कहा कि छात्रों के लगातार विरोध के बाद इस पूरे मामले को दबाने का प्रयास किया गया। सवाल उठाने वाले निर्दोष छात्रों, शिक्षकों और व्हिसल ब्लोअर्स को फर्जी मामलों में फंसाया गया। उन्होंने सवाल किया कि इसके पीछे कौन लोग थे, इसका खुलासा होना चाहिए। सोरेन ने कहा कि जब सत्ता के शीर्ष से जुड़े लोगों के रिश्तेदार ही जेपीएससी के इंटरव्यू पैनल में बैठ कर युवाओं के भविष्य के साथ छल कर रहे हों। तब इस सरकार से निष्पक्षता अथवा पारदर्शिता की उम्मीद कैसे रखें? हाईकोर्ट को इस मामले का संज्ञान लेकर पिछले कुछ वर्षों में जेएसएससी और जेपीएससी की हर एक नियुक्ति प्रक्रिया की सीबीआई जांच का आदेश देना चाहिए।



Leave a Comment