फर्जी IAS बनकर छात्राओं को फंसाता था शातिर, नौकरी का सपना दिखाकर करता था घिनौना काम, जोधपुर पुलिस ने दबोचा


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Fake IAS In Jodhpur : जोधपुर पुलिस ने फर्जी IAS बनकर छात्राओं से दुष्कर्म करने वाले उम्मेदाराम को गिरफ्तार किया. वह नौकरी का लालच देकर युवतियों को फंसाता था. मामले का खुलासा 26 जुलाई को हुई एक शिकायत के बाद हुआ. पीड़िता ने पुलिस को बताया कि वर्ष 2024 में आरोपी ने उसे फोन किया था. बातचीत के दौरान उसने खुद को आईएएस अधिकारी बताया और सरकारी नौकरी लगवाने का भरोसा दिलाया.

फर्जी IAS बनकर छात्राओं को फंसाता था, नौकरी का सपना दिखाकर करता था घिनौना कामZoom

जोधपुर में अपने आप को आइएएस बताता था ये फर्जी आदमी, लड़कियों को नौकरी का देता था झासा, रेप के लगे आरोप

जोधपुर. खुद को आईएएस अधिकारी बताना, सरकारी नौकरी दिलाने का भरोसा देना और फिर उसी भरोसे का गलत फायदा उठाना. जोधपुर पुलिस ने ऐसे ही एक शातिर आरोपी को गिरफ्तार किया है, जो लंबे समय से छात्राओं और युवतियों को झूठे वादों के जरिए अपने जाल में फंसा रहा था. पुलिस का कहना है कि आरोपी पहले खुद को प्रभावशाली अधिकारी बताता था, फिर सरकारी नौकरी, बोर्ड परीक्षा में अच्छे नंबर और प्रतियोगी परीक्षाओं में मदद का लालच देकर युवतियों का भरोसा जीतता था. इसके बाद उन्हें होटल या किराए के कमरे में बुलाकर दुष्कर्म करता था.

महिलाओं और बच्चों के खिलाफ अपराधों पर चलाए जा रहे विशेष अभियान के दौरान पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया. अब पुलिस यह भी पता लगा रही है कि कहीं और भी युवतियां उसके झांसे का शिकार तो नहीं हुई हैं.

पीड़िता की शिकायत से खुला पूरा मामला
मामले का खुलासा 26 जुलाई को हुई एक शिकायत के बाद हुआ. पीड़िता ने पुलिस को बताया कि वर्ष 2024 में आरोपी ने उसे फोन किया था. बातचीत के दौरान उसने खुद को आईएएस अधिकारी बताया और सरकारी नौकरी लगवाने का भरोसा दिलाया. धीरे-धीरे उसने विश्वास जीत लिया. पीड़िता के अनुसार आरोपी बाद में उसे क होटल लेकर गया. वहां उसे नशीला पदार्थ पिलाया और उसके साथ दुष्कर्म किया. काफी समय बाद पीड़िता ने हिम्मत जुटाकर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पूरे मामले की जांच शुरू हुई.

पुलिस ने बनाई विशेष टीम
शिकायत मिलते ही पुलिस आयुक्त के निर्देश पर डीसीपी ईस्ट के नेतृत्व में एक विशेष टीम बनाई गई. टीम ने तकनीकी साक्ष्यों, मोबाइल रिकॉर्ड और मुखबिर तंत्र की मदद से आरोपी की तलाश शुरू की. जांच के दौरान कई अहम सुराग मिले, जिनके आधार पर आरोपी तक पहुंचना संभव हुआ. पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी उम्मेदाराम को गिरफ्तार कर लिया. उसकी उम्र 47 वर्ष बताई गई है. वह मूल रूप से फलौदी का रहने वाला है और फिलहाल जोधपुर के रातानाडा इलाके में किराए के मकान में रह रहा था.

ऐसे फंसाता था छात्राओं को
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी स्कूलों, कॉलेजों, कोचिंग संस्थानों और लाइब्रेरी के आसपास घूमता था. वहां पढ़ने आने वाली छात्राओं और युवतियों से पहचान बढ़ाने की कोशिश करता था. वह अलग-अलग नामों से खुद को प्रभावशाली अधिकारी बताता और सरकारी नौकरी दिलाने, बोर्ड परीक्षा में अच्छे अंक दिलाने, प्रतियोगी परीक्षा के पेपर उपलब्ध कराने और एयर होस्टेस बनाने जैसे झूठे दावे करता था. इन वादों के जरिए वह पहल भरोसा बनाता और फिर मिलने के बहाने होटल या किराए के कमरे में बुलाता था. पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि आरोपी ने इस तरीके से कितनी युवतियों को अपना शिकार बनाया.

पहले भी दर्ज हैं मामले
पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ पहले से तीन मामले दर्ज हैं. उसकी गतिविधियों और पुराने रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है. साथ ही यह पता लगाया जा रहा है कि क्या उसने अलग-अलग पहचान का इस्तेमाल कर अन्य जिलों में भी इसी तरह की वारदातों को अंजाम दिया था.

अन्य पीड़िताओं से भी सामने आने की अपील
जांच एजेंसियां अब आरोपी के संपर्कों, मोबाइल रिकॉर्ड और उसके आने-जाने की जानकारी खंगाल रही हैं. पुलिस का मानना है कि जांच आगे बढ़ने पर और भी महत्वपूर्ण तथ्य सामने आ सकते हैं. यदि किसी अन्य युवती को भी इसी तरह सरकारी नौकरी या अधिकारी होने का झांसा देकर ठगा गया है या उसके साथ अपराध हुआ है, तो पुलिस उससे भी आगे आकर शिकायत दर्ज कराने की अपील कर रही है. इससे पूरे नेटवर्क और आरोपी की गतिविधियों का पूरा सच सामने आ सकेगा.

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आनंद पाण्डेयContent Producer

आनंद पाण्डेय वर्तमान में News18 हिंदी (राजस्थान डिजिटल) में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं. पिछले 5 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता के क्षेत्र में अ…

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