सरकारी नौकरी लगवाने का झांसा देकर जालसाजों ने प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रही छात्रा से 10 लाख रुपये ठग लिए। रुपये न वापस करने पर आरोपियों ने धमकाया भी। एसीपी विभूतिखंड सौम्या पांडेय के आदेश पर विभूतिखंड पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। अयोध्या के आवास विकास कॉलोनी निवासी उदय भान शर्मा की बेटी कोमल गाजीपुर के शक्तिनगर ढाल के पास रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही है। कोमल के अनुसार, 11 मार्च को रिश्तेदार संजय शर्मा के जरिए उसकी मुलाकात राजकुमार शर्मा से हुई। राजकुमार ने नौकरी लगवाने का झांसा देकर उसकी मुलाकात लव कुमार तिवारी से कराई।
दोनों ने शासन-प्रशासन में ऊंची पहुंच बताई और कहा कि पहले भी कई लोगों की नौकरी लगवा चुके हैं। नौकरी के एवज में आरोपियों ने 10 लाख की मांग की। 2 मई को विभूतिखंड स्थित किसान बाजार के पास कोमल ने भाई के खाते से अंजू देवी के खाते में 9 लाख ट्रांसफर किए। एक लाख बाद में देने पर सहमति बनी। चयन सूची में नाम न आने पर जब कोमल ने संपर्क किया तो आरोपियों ने दूसरी सूची में नाम आने की बात कहकर 8 मई को शेष एक लाख भी ले लिए। दूसरी सूची में भी नाम न आने और रुपये वापस मांगने पर आरोपियों ने धमकाया। ठगी का अहसास होने पर कोमल ने शिकायत की। इंस्पेक्टर उपेंद्र सिंह ने बताया कि राजकुमार शर्मा, लव कुमार तिवारी, अंजू देवी और संजय शर्मा के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।