सुप्रीम कोर्ट के एक पूर्व जज ने कॉकरोच जनता पार्टी के अध्यक्ष अभिजीत दीपके की मंशा पर बहत ही गंभीर आरोप लगाया है। उनके मुताबिक वे सोनम वांगचुक का इस्तेमाल अपने फायदे के लिए कर रहे हैं।

‘दीपके को भारत का प्रधानमंत्री बनना है’
सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज मार्कंडेय काटजू ने कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के आंदोलन, इसके नेता और इसको समर्थन देने वाले लोगों पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने बताया है कि जंतर-मंतर पर जो नेता या अन्य जाने-माने चेहरे पहुंच रहे हैं, उनका असल इरादा क्या है। उन्होंने एक बहुत बड़े एक्स पोस्ट में यहां तक आरोप लगाया है कि जंतर-मंतर पर जो कुछ भी हो रहा है, उससे उनका दावा सही साबित होता है कि ज्यादातर भारतीय बेवकूफ हैं।
अभिजीत दीपके सोनम वांगचुक की जान लेकर और उसे शहीद बनाकर ही छोड़ेगा, वरना उसकी राजनीति कैसे चलेगी? उसे तो प्राइम मिनिस्टर ऑफ इंडिया बनना है।
मार्कंडेय काटजू, सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज
‘लाइमलाइट में रहने जंतर-मंतर पहुंच रहे’
काटजू का कहना है कि ‘यह साबित हो चुका है कि वहां जाने वाले जाने-माने लोग, जैसे कि अरविंद केजरीवाल, योगेंद्र यादव,सागरिका घोष,अरुंधति रॉय,संजय सिंह,नसीरुद्दीन शाह,स्वरा भास्कर, डिंपल यादव,राकेश टिकैत,कुणाल कामरा ऐसा सिर्फ इस वजह से कर रहे हैं, क्योंकि उन्हें लाइमलाइट में रहने का कोई और रास्ता नहीं मिल रहा।’
‘जंतर-मंतर पर नाटक, तमाशा और ढोंग’
मार्कंडेय काटजू का कहना है कि जंतर-मंतर पर जो कुछ भी हो रहा है, उससे उनकी बात प्रमाणित होती है। उनके मुताबिक, ‘दिल्ली के जंतर-मंतर पर जो भी हो रहा है, उससे मेरी बात फिर सही साबित हो गई कि 90% भारतीय बेवकूफ हैं, सच तो ये है कि इस इस नाटक, तमाशा और ढोंग के बाद मैंने अपना आंकड़ा बढ़ाकर 95% कर दिया है।’
‘मुंगेरी लाल के हसीन सपने’
काटजू का आकलन है कि ‘कॉकरोच जनता पार्टी बनाने के कुछ दिन के ही बाद ही दीपके के 2 करोड़ से अधिक समर्थक बन गए, जिससे उसका दिमाग खराब हो गया और वो अपने को प्रधानमंत्री बनाने के सपने देखने लगा और अपने को उसके योग्य समझने लगा।’
इससे मुझे एक पुरानी फिल्म याद आती है, मुंगेरी लाल के हसीन सपने।
मार्कंडेय काटजू, सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज
