Karur Stampede:तमिलनाडु सरकार करुर के भगदड़ पीड़ितों को नौकरी देगी, मद्रास हाईकोर्ट के फैसले में क्या? – Madras High Court Gives Green Flag To Provide Government Jobs To Victims Families Of Karur Stampede


मद्रास हाई कोर्ट ने शुक्रवार को तमिलनाडु वेट्री कझगम (TVK) के नेतृत्व वाली राज्य सरकार को पिछले साल सितंबर में करूर भगदड़ त्रासदी में जान गंवाने वाले पीड़ितों के परिवारों को सरकारी नौकरी देने की अनुमति दे दी। हालांकि, कोर्ट ने साफ किया कि ये नियुक्तियां फिलहाल अस्थायी होंगी और न्यायिक समीक्षा के अधीन रहेंगी। मदुरै बेंच के जस्टिस सीवी कार्तिकेयन और जस्टिस आर शक्तिवेल की बेंच ने कहा कि सरकार के नीतिगत फैसले में दखल देना अदालत के लिए अत्यधिक संकीर्ण दृष्टिकोण होगा। इसी के साथ कोर्ट ने राज्य सरकार को शुक्रवार दोपहर तीन बजे होने वाले उस सार्वजनिक कार्यक्रम को आयोजित करने की अनुमति दे दी, जिसमें मृतकों के परिजनों को नियुक्ति पत्र सौंपे जाने हैं।


कोर्ट ने नियुक्तियों पर कौन सी शर्त लगाई?

बेंच ने कहा, ‘सरकार के नीतिगत फैसले में दखल देना कोर्ट के लिए बहुत संकीर्ण सोच होगी। इसलिए राज्य इस शर्त पर कार्यक्रम को आगे बढ़ा सकता है कि नौकरी अस्थायी आधार पर होगी और न्यायिक समीक्षा के अधीन होगी। हम इस महीने के अंत तक इस मामले की सुनवाई करना चाहते हैं, ताकि जिन लोगों को नौकरी की पेशकश की गई है, उन्हें पहली सैलरी मिलने से पहले ही सुनवाई हो सके।’

(खबर अपडेट की जा रही)



Leave a Comment