रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की मौजूदगी में 11 जुलाई को विशाखापत्तनम में स्वदेशी स्टेल्थ फ्रिगेट INS महेंद्रगिरी भारतीय नौसेना में शामिल होगा। यह प्रोजेक्ट-17ए का छठा युद्धपोत है। इसके शामिल होने से नौसेना में फ्रिगेट्स की संख्या 20 हो जाएगी। फिलहाल नौसेना के लिए 40 से अधिक युद्धपोत निर्माणाधीन हैं, जिससे भारत की समुद्री ताकत लगातार बढ़ रही है।
हाइलाइट्स
- जनवरी 2025 से अब तक नेवी को मिले 18 वॉरशिप
- अगले दो महीने में नेवी को 4 और शिप होंगे डिलीवर
- नेवी के लिए 40 से ज्यादा शिप अंडर कंस्ट्रक्शन हैं

इस साल का छठा वॉरशिप
आईएनएस महेंद्रगिरी इस साल का छठा वॉरशिप है जो नेवी में कमिशन होगा। इससे पहले इस साल अब तक पांच और वॉरशिप नेवी को मिल चुके हैं। इसी महीने नेवी में एक और शिप कमिशन होना है। साथ ही अगले दो महीने में नेवी को 4 और शिप डिलीवर होंगे। नेवी ने इस साल की शुरूआत में बताया था कि साल 2026 में नेवी में 18 शिप कमिशन होंगे। जनवरी 2025 से अब तक नेवी को 17 शिप मिल चुके हैं और आईएनएस महेंद्रगिरी 18 वां शिप होगा।
बन रहे हैं 40 से ज्यादा शिप
नेवी के लिए इस वक्त 40 से ज्यादा शिप अंडर कंस्ट्रक्शन हैं। स्वदेशी शिप लगातार नेवी की ताकत बढ़ा रहे हैं। अभी नेवी के पास कुल 19 फ्रिगेट हैं और आईएनएस महेंद्रगिरी के शामिल होने के साथ ही फ्रिगेट की संख्या 20 हो जाएगी। महेंद्रगिरि का डिजाइन नेवी के वॉरशिप डिजाइन ब्यूरो ने तैयार किया है और इसका निर्माण मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स लिमिटेड , मुंबई ने किया है। इसमें दुश्मन की नजर से बचने वाली आधुनिक स्टील्थ तकनीक, ज्यादा सुरक्षा, कम रडार पहचान और उच्च स्तर की ऑटोमेशन जैसी खूबियां हैं। यह जहाज नौसैनिक युद्ध के सभी प्रकार के अभियानों को अंजाम देने में सक्षम है।
