EPFO ब्याज 2026: क्या आपके खाते में आया पैसा? ऐसे चेक करें अपना बैलेंस और स्टेटस
मंगलवार, 11 अगस्त 2026 को EPFO के वित्त वर्ष 2025-26 (FY26) के ब्याज का पैसा कुछ EPF पासबुक में क्रेडिट होना शुरू हो गया है। वित्त मंत्रालय ने FY26 के लिए 8.25 फीसदी की ब्याज दर को मंजूरी दे दी है। ब्याज ट्रांसफर करने की प्रक्रिया जुलाई के मध्य में शुरू हुई थी और यह अभी भी अलग-अलग बैच में जारी है। इसलिए आज ही सभी खातों में पैसा दिखने की उम्मीद न करें; सबसे पहले अपना स्टेटस और टाइमस्टैम्प चेक कर लें।
अपना बैलेंस चेक करने के लिए EPFO पासबुक या UMANG ऐप की मदद लें। अपने यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) के जरिए लॉग-इन करें, ई-पासबुक खोलें और वहां पोस्टिंग डेट के साथ “Interest for the year 2025‑26” एंट्री चेक करें। अपने पुराने बैलेंस के साथ नए लेजर टोटल का मिलान कर लें। अगर यह एंट्री थोड़ी देर से भी दिखती है, तो भी चिंता की कोई बात नहीं है, सरकारी प्रक्रिया के तहत आपका ब्याज पूरी तरह सुरक्षित है।

EPF ब्याज क्रेडिट: कब तक आएगा पैसा, देरी की वजह और शिकायत का तरीका
आमतौर पर ब्याज का पैसा जून से अगस्त के बीच खातों में दिखने लगता है और इसे चरणबद्ध तरीके (फेज-वाइज) से जारी किया जाता है। इसमें देरी की वजह पेंडिंग केवाईसी (KYC) अपडेट, एम्प्लॉयर की तरफ से फाइलिंग में मिसमैच या नौकरी बदलने के बाद पीएफ ट्रांसफर होना हो सकती है। अगर कुछ वर्किंग डेज के बाद भी ब्याज नहीं दिखता है, तो आप अपने UAN का इस्तेमाल कर EPFiGMS पोर्टल पर “Interest not credited” कैटेगरी के तहत शिकायत दर्ज करा सकते हैं। ध्यान रखें, किसी के साथ भी अपना ओटीपी (OTP) शेयर न करें और सिर्फ आधिकारिक पोर्टल का ही इस्तेमाल करें।
EPF पासबुक, टैक्स के दायरे में आने वाला ब्याज और ट्रांसफर के बाद बैलेंस का दिखना
नियम 9D (Rule 9D) के तहत, अगर किसी कर्मचारी का पीएफ योगदान तय सीमा से ज्यादा है, तो उस अतिरिक्त रकम पर मिलने वाले ब्याज पर सालाना टैक्स लगता है। इसके लिए EPFO टैक्सेबल और नॉन-टैक्सेबल योगदान के अलग-अलग लेजर रखता है और सोर्स पर ही टैक्स (TDS) काट सकता है। ये एंट्रीज आपकी पासबुक और एनुअल इंफॉर्मेशन स्टेटमेंट (AIS) में दिखाई दे सकती हैं। अगर आपने हाल ही में एक UAN से दूसरे UAN में पीएफ ट्रांसफर किया है, तो पूरी तरह कंसोलिडेशन (मर्जर) होने तक यह ब्रेकअप कुछ समय के लिए छिप सकता है।
| स्थिति (Scenario) | सालाना लिमिट (Threshold) | कहां दिखेगा |
|---|---|---|
| एम्प्लॉयर भी योगदान देता है | ₹2.5 लाख | पासबुक के टैक्सेबल लेजर में; TDS कटने पर AIS/Form 26AS में |
| एम्प्लॉयर का कोई योगदान नहीं है | ₹5 लाख | पासबुक के टैक्सेबल लेजर में; TDS कटने पर AIS/Form 26AS में |
सोशल मीडिया या खबरों में चल रही चर्चाएं केवल साल के अंत में होने वाली रूटीन अकाउंटिंग की ओर इशारा करती हैं, इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि आपका ब्याज डूब गया है। सबसे पहले अपनी पासबुक चेक करें, 72 घंटे इंतजार करें और जरूरत पड़ने पर EPFiGMS के जरिए शिकायत दर्ज करें। अपना पैन (PAN) और आधार हमेशा अपडेट रखें, खासकर नौकरी बदलने के बाद। ब्याज का पैसा भले ही अलग-अलग बैच में क्रेडिट हो रहा हो, लेकिन जब तक यह आपके खाते में नहीं दिखता, तब तक स्कीम के नियमों के अनुसार आपका ब्याज जुड़ता रहेगा।