जर्मनी के स्टार टेनिस खिलाड़ी और दूसरे वरीय अलेक्जेंडर ज्वेरेव ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चेक गणराज्य के युवा खिलाड़ी जैकब मेंसिक को हराकर फ्रेंच ओपन 2026 के फाइनल में प्रवेश कर लिया। ज्वेरेव ने शुक्रवार को खेले गए सेमीफाइनल मुकाबले में मेंसिक को 7-5, 6-2, 3-6, 6-3 से मात दी। यह ज्वेरेव का दूसरा फ्रेंच ओपन फाइनल होगा। अब वह रविवार को होने वाले खिताबी मुकाबले में इटली के फ्लावियो कोबोली और मात्तेओ अरनाल्डी के बीच होने वाले दूसरे सेमीफाइनल के विजेता से भिड़ेंगे।
पहले ग्रैंड स्लैम खिताब से एक कदम दूर
विश्व नंबर तीन ज्वेरेव अपने करियर के पहले ग्रैंड स्लैम खिताब की तलाश में हैं। इससे पहले वह तीन ग्रैंड स्लैम फाइनल खेल चुके हैं, लेकिन हर बार उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इनमें 2024 के फ्रेंच ओपन फाइनल में कार्लोस अल्काराज के खिलाफ मिली हार भी शामिल है। मैच के बाद ज्वेरेव ने कहा, ‘यह ग्रैंड स्लैम है और पांच सेट का मुकाबला होता है। ऐसे में उतार-चढ़ाव आते हैं और प्रतिद्वंद्वी भी बेहतर खेलते हैं। मैंने परिस्थितियों को अच्छी तरह संभाला। उम्मीद है कि रविवार को भी शानदार मैच खेलूंगा।’
अनुभव पड़ा मेंसिक पर भारी
29 वर्षीय ज्वेरेव अपने करियर का 11वां ग्रैंड स्लैम सेमीफाइनल खेल रहे थे, जबकि 20 वर्षीय जैकब मेंसिक पहली बार किसी ग्रैंड स्लैम के अंतिम चार में पहुंचे थे। अनुभव के मामले में ज्वेरेव स्पष्ट रूप से आगे नजर आए। पहले सेट में दोनों खिलाड़ियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली, लेकिन 11वें गेम में ब्रेक हासिल कर ज्वेरेव ने सेट अपने नाम कर लिया। दूसरे सेट में उन्होंने पूरी तरह दबदबा बनाए रखा और आसानी से 6-2 से जीत दर्ज की।
चोट के बावजूद लड़े मेंसिक
तीसरे सेट के दौरान मेंसिक ने गर्दन में परेशानी के कारण मेडिकल टाइम-आउट लिया। हालांकि इसके बावजूद उन्होंने शानदार वापसी की और 6-3 से सेट जीतकर मुकाबले को रोमांचक बना दिया। लेकिन चौथे सेट में उनकी लय बरकरार नहीं रह सकी। लगातार गलतियों का फायदा उठाते हुए ज्वेरेव ने शुरुआती बढ़त बनाई और अंततः पहला मैच प्वाइंट भुनाकर मुकाबला अपने नाम कर लिया।
शानदार फॉर्म में हैं ज्वेरेव
फ्रेंच ओपन में शीर्ष दावेदारों यानिक सिनर और नोवाक जोकोविच के शुरुआती दौर में बाहर होने के बाद ज्वेरेव पर खिताब जीतने का दबाव बढ़ गया था। हालांकि उन्होंने पूरे टूर्नामेंट में शानदार खेल दिखाया है और फाइनल तक पहुंचने के दौरान केवल दो सेट गंवाए हैं। अब ज्वेरेव के पास 14 महीने से चला आ रहा खिताबी सूखा खत्म करने और अपने करियर का पहला ग्रैंड स्लैम खिताब जीतने का सुनहरा मौका होगा।