यूट्यूबर मनीष कश्यप इन दिनों E20 पेट्रोल को लेकर चर्चा में हैं। उन्होंने एक वीडियो में कुछ दिनों पहले दावा किया था कि E20 पेट्रोल से उनकी टोयोटा कंपनी की गाड़ी के इंजन को नुकसान हुआ है। बाद में इस मामले में कंपनी ने उनके खिलाफ एफआईआर भी कराई।

कौन हैं मनीष कश्यप?
मनीष कश्यप का असली नाम त्रिपुरारी कुमार तिवारी है। वह बिहार के पश्चिम चंपारण जिले के रहने वाले हैं। उन्होंने पुणे की सावित्रीबाई फुले यूनिवर्सिटी से सिविल इंजीनियरिंग की पढ़ाई की, लेकिन नौकरी करने की बजाय YouTube और सोशल मीडिया के जरिए पत्रकारिता शुरू की। उनका ‘सच तक’ नाम का YouTube चैनल काफी लोकप्रिय है, जहां लाखों लोग उन्हें फॉलो करते हैं।
E20 पेट्रोल पर गडकरी को घेरा
टोयोटा कंपनी ने मनीष कश्यप को दिए जवाब में कहा था कि इसमें E20 पेट्रोल से कोई खराबी नहीं आ सकती। कंपनी ने कहा कि गाड़ी में समस्या मिलावटी तेल की वजह से आ सकती है। इसके बाद उन्होंने केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने उनके आरोपों को झूठा करार दे दिया। गडकरी ने कहा कि टोयोटा कंपनी की ओर से की गई जांच में मनीष कश्यप के दावे झूठे पाए गए हैं।
कितनी है मनीष कश्यप की संपत्ति?
बीजेपी छोड़ने के बाद मनीष कश्यप ने जून 2025 को एक इंटरव्यू में बताया था कि वह सिर्फ यूट्यूब से हर महीने 10 लाख रुपये से ज्यादा कमाते थे, लेकिन अब उनकी मासिक कमाई घटकर करीब 1 लाख 83 हजार रुपये रह गई है। पिछले साल बिहार चुनाव के दौरान उन्होंने जो हलफनामा पेश किया था, उसके मुताबिक उनकी कुल संपत्ति 88,37,646 रुपये है। करीब 17 लाख रुपये की उन पर देनदारी भी है। उनके पास 20 ग्राम की सोने की एक चेन भी है जिसकी कीमत करीब ढाई लाख रुपये है।
टोयोटा ने दर्ज कराई FIR
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि आरोप लगने के बाद टोयोटा ने गाड़ी के मालिक से वाहन की जांच कराने को कहा, लेकिन यूट्यूबर ने शुरुआत में कार देने से इनकार कर दिया। बाद में कानूनी कार्रवाई की चेतावनी मिलने पर उसने गाड़ी जांच के लिए सौंप दी। कंपनी के तकनीकी विशेषज्ञों की जांच में पता चला कि कार के फ्यूल टैंक में पेट्रोल के साथ पानी मिला हुआ था। यानी गाड़ी में आई खराबी का E20 (20% इथेनॉल मिश्रित) पेट्रोल से कोई संबंध नहीं था। इसके बाद टोयोटा ने झूठे आरोप और अफवाह फैलाने के आरोप में संबंधित यूट्यूबर के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी। अब उन पर गिरफ्तारी की तलवार लटक रही है।
बीजेपी से रहा है संबंध
मनीष कश्यप का बीजेपी से संबंध रहा है। अप्रैल 2024 में वह बीजेपी में शामिल हुए थे। बीजेपी में शामिल होने से पहले वह बिहार की पश्चिम चंपारण लोकसभा सीट से निर्दलीय चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे थे। बीजेपी में शामिल होने के बाद उन्होंने चुनाव लड़ने का निर्णय छोड़ दिया। हालांकि पिछले साल उन्होंने बीजेपी छोड़ दी थी। वह प्रशांत किशोर की जनसुराज पार्टी में शामिल हो गए थे। उन्होंने 2025 में बिहार की चनपटिया विधानसभा से जनसुराज ने चुनाव भी लड़ा था, लेकिन जीत नहीं पाए।
