| कोर्स |
अवधि और योग्यता |
प्रमुख विषय |
करियर संभावनाएं |
| बीएससी (ऑनर्स) एग्रीकल्चर (BSc (Hons.) Agriculture) |
अवधि- 4 साल योग्यता- 12वीं विज्ञान (PCB/PCM/PCMB) या कृषि विषय के साथ। अधिकांश संस्थानों में 50–60% अंक जरूरी होते हैं। |
फसल उत्पादन, मृदा विज्ञान, कृषि मौसम विज्ञान, पौध रोग विज्ञान, कृषि कीट विज्ञान, कृषि अर्थशास्त्र, कृषि अभियांत्रिकी, उद्यानिकी, जैव प्रौद्योगिकी, कृषि विस्तार |
कृषि अधिकारी, कृषि वैज्ञानिक, एग्रीबिजनेस, कृषि सलाहकार, रिसर्च एवं सरकारी क्षेत्र में अवसर। |
| बीएससी हॉर्टिकल्चर (BSc Horticulture) |
अवधि 4 साल और योग्यता 12वीं विज्ञान या संबंधित कृषि विषय के साथ। |
फल विज्ञान, सब्जी विज्ञान, पुष्प विज्ञान, लैंडस्केपिंग, पोस्ट हार्वेस्ट तकनीक, संरक्षित खेती। |
फल-सब्जी उत्पादन, नर्सरी प्रबंधन, फूलों की खेती, खाद्य प्रसंस्करण और एग्री-उद्यमिता में। |
| बीटेक एग्रीकल्चरल इंजीनियरिंग (BTech Agricultural Engineering) |
अवधि 4 साल और योग्यता 12वीं में PCM आवश्यक। |
कृषि मशीनरी, सिंचाई अभियांत्रिकी, जल संसाधन प्रबंधन, ड्रिप एवं स्प्रिंकलर तकनीक, कृषि संरचनाएं, ड्रोन एवं स्मार्ट फार्मिंग। |
कृषि तकनीक विशेषज्ञ, मशीनरी कंपनियों, स्मार्ट फार्मिंग, सिंचाई प्रबंधन और एग्री-टेक सेक्टर में। |
| बीएससी फॉरेस्ट्री (BSc Forestry) |
अवधि: 4 साल और योग्यता 12वीं विज्ञान विषय के साथ। |
वन प्रबंधन, पर्यावरण संरक्षण, वन्यजीव संरक्षण, जलागम प्रबंधन, प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन। |
वन विभाग, पर्यावरण संस्थान, संरक्षण परियोजनाएं और प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन क्षेत्र में। |
| बीएफएससी (Bachelor of Fisheries Science) |
अवधि 4 साल और योग्यता 12वीं विज्ञान विषय के साथ। |
मत्स्य उत्पादन, एक्वाकल्चर, मत्स्य पोषण, मत्स्य रोग प्रबंधन, मत्स्य प्रसंस्करण। |
मत्स्य पालन उद्योग, रिसर्च संस्थानों और सरकारी विभागों में अवसर। |