Jhajjar Well Accident: झज्जर के गांव मुनीमपुर में जहरीले कुएं में दम घुटने से चार युवकों की मौत के मामले ने सोमवार को नया मोड़ ले लिया। मृतकों का पोस्टमार्टम कराने से इनकार करते हुए ग्रामीण गांव में महापंचायत कर रहे हैं, जिसमें मुनीमपुर सहित आसपास के तीन गांवों के लोग बड़ी संख्या में मौजूद हैं।
महापंचायत में जिला उपायुक्त, कांग्रेस विधायक कुलदीप वत्स, स्थानीय भाजपा नेता तथा जिला प्रशासन के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद हैं और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं। हालांकि फिलहाल ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।
ग्रामीणों ने प्रत्येक मृतक के परिवार को एक-एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता, शहीद का दर्जा तथा आश्रितों को सरकारी नौकरी देने की मांग रखी है। उनका कहना है कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लेती, तब तक मृतकों का पोस्टमार्टम नहीं कराया जाएगा।
महापंचायत में ग्रामीणों ने प्रशासन पर एक बार फिर गंभीर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि यदि हादसे की सूचना मिलने के बाद प्रशासन और राहत दल समय रहते मौके पर पहुंच जाते, तो चारों युवकों की जान बचाई जा सकती थी।
गौरतलब है कि रविवार रात गांव मुनीमपुर में एक बछड़े को बचाने के प्रयास में चार युवक जहरीली गैस से भरे कुएं में उतर गए थे। ऑक्सीजन की कमी और जहरीली गैस के कारण चारों की दम घुटने से मौत हो गई थी। इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे इलाके में शोक की लहर है, जबकि अब ग्रामीण न्याय और उचित मुआवजे की मांग को लेकर आंदोलन पर डटे हुए हैं।