सोनम वांगचुक के लंबे समय तक उपवास रखने के बाद सफदरजंग अस्पताल में डॉक्टरों की कड़ी निगरानी में हैं. डॉक्टरों ने उनमें डिहाइड्रेशन, पोटैशियम की कमी और कीटोन का स्तर बढ़ने की समस्या पाई है. उपवास के दौरान कीटोन का स्तर बढ़ सकता है, लेकिन डिहाइड्रेशन के साथ इसके बहुत ज़्यादा बढ़ जाने से किडनी के काम करने की क्षमता पर असर पड़ सकता है और मेटाबॉलिज़्म से जुड़ी दूसरी दिक्कतें भी हो सकती हैं. अस्पताल प्रशासन परिवार को लगातार समझा रहा है कि बिना और देरी किए इलाज शुरू करने की अनुमति दी जाए.